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अभिभाषण

संसद के समक्ष भारत के राष्ट्रपति, श्री राम नाथ कोविन्द, का अभिभाषण

जनवरी : 29.01.2018
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माननीय सदस्यगण,

संसद के संयुक्त सत्र में आप सभी का स्वागत है। हम सभी भारतीयों ने हाल ही में पोंगल,बिहु,लोहड़ी,मकर संक्रांति और वसंत पंचमी के उत्सव मनाए हैं। गणतंत्र दिवस भी हमारा एक प्रमुख उत्सव है। इस वर्ष के गणतंत्र दिवस समारोह में,दस आसियान देशों के राष्ट्राध्यक्षों और शासन प्रमुखों की उपस्थिति ने, ‘वसुधैव कुटुम्बकम्की हमारी दीर्घदृष्टि में एक विशेष आयाम जोड़ा है।

2018का वर्ष नए भारत के सपने को साकार करने के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। मेरा विश्वास है कि यहां उपस्थित देश के कोने-कोने से आए सभी जनप्रतिनिधि,हमारे देश की विकास की इस महान यात्रा को और गति देने में सक्रिय भूमिका निभाएंगे।

माननीय सदस्यगण,

हमारे संविधान शिल्पी बाबा साहेब डॉक्टर भीम राव आंबेडकर कहा करते थे कि सामाजिक और आर्थिक लोकतंत्र के बिना राजनीतिक लोकतंत्र स्थायी नहीं हो सकता। कमजोर वर्गों के लिए समर्पित मेरी सरकार,संविधान में निहित इसी मूलभावना पर चलते हुए देश में सामाजिक न्याय तथा आर्थिक लोकतंत्र को सशक्त करने और आम नागरिक के जीवन को आसान बनाने के लिए कार्य कर रही है।

शायद ही किसी ने सोचा हो कि शौचालय निर्माण भी सामाजिक न्याय की इस भावना को बढ़ाने में सहायक होगा। शौचालयों के निर्माण से महिलाओं की गरिमा ही नहीं बचती बल्कि उन्हें सामाजिक न्याय का एहसास भी होता है। सामाजिक न्याय का ये आंदोलन दिन प्रतिदिन और व्यापक होता जा रहा है। हम सबका दायित्व है कि जब 2019में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की150वीं जयंती मनाई जाए,तब तक हम देश को पूरी तरह स्वच्छ बनाकर पूज्य बापू के प्रति अपनी सच्ची श्रद्धा व्यक्त करें।

इस सदन में मेरे जैसे बहुत से लोग हैं जिन्होंने वर्षों तक स्वयं देखा है कि महिलाओं को किस तरह लकड़ी बीनकर चूल्हे पर खाना बनाना पड़ता था। महिलाओं और उनके बच्चों के पास धुएं भरी सांस लेने के सिवाय कोई और विकल्प नहीं था। इस वजह से वे अनेक बीमारियां और कष्ट सहन करते थे। ऐसी गरीब महिलाओं को प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजनाने सुविधा संपन्न महिलाओं से बराबरी करने का अवसर दिया है और सामाजिक न्याय के एक अनदेखे पक्ष का समाधान किया है। अब तक इस योजना के तहत3 करोड़30लाख से ज्यादा गैस कनेक्शन दिए जा चुके हैं।

माननीय सदस्यगण,

मुस्लिम महिलाओं का सम्मान कई दशकों तक राजनीतिक लाभ-हानि का बंधक रहा। अब देश को उन्हें इस स्थिति से मुक्ति दिलाने का अवसर मिला है। मेरी सरकार ने तीन तलाक के संबंध में एक विधेयक संसद में प्रस्तुत किया है। मैं आशा करता हूं कि संसद शीघ्र ही इसे कानूनी रूप देगी। तीन तलाक पर कानून बनने के बाद मुस्लिम बहन-बेटियां भी आत्मसम्मान के साथ भयमुक्त जीवन जी सकेंगी।

बेटियों के साथ भेदभाव खत्म करने के लिए मेरी सरकार ने बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओयोजना शुरू की थी। इस योजना के सकारात्मक परिणाम को देखते हुए अब इसका दायरा161 जिलों से बढ़ाकर 640जिलों तक कर दिया गया है। मेरी सरकार नेMaternity Benefit Actमें बदलाव करके एक बड़ा कदम उठाया है। महिलाओं को12सप्ताह के स्थान पर वेतन सहित, 26सप्ताह की छुट्टी देने का प्रावधान किया गया है। अब कामकाजी महिलाओं को अपने नवजात शिशुओं के जीवन के सबसे नाजुक शुरुआती दिनों में,उनकी देखभाल के लिए अधिक समय मिला करेगा।

माननीय सदस्यगण,

गरीबों की पीड़ा महसूस करने वाली मेरी सरकार की योजनाओं से देश में आर्थिक लोकतंत्र और भी सशक्त हो रहा है। हम अब देश के बैंकिंग सिस्टम और गरीब के बीच की खाई को पूरी तरह खत्म करने की ओर बढ़ रहे हैं।जनधन योजनाके तहत अब तक लगभग 31 करोड़ गरीबों के बैंक खाते खोले जा चुके हैं। इस योजना के शुरू होने से पहले,देश में महिलाओं के बचत खातों की संख्या लगभग28प्रतिशत थी जो अब बढ़कर 40 प्रतिशत से भी अधिक हो गई है।

मेरी सरकार ने गरीबों और मध्यम वर्ग के लिए,विशेषकर स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए,बिना बैंक गारंटी कर्ज देने पर जोर दिया है। अब लोग अपना उद्यम चलाने के सपने को साकार करने के लिए आसानी से कर्ज ले पा रहे हैं।प्रधानमंत्री मुद्रा योजनाके तहत अब तक लगभग 10करोड़ ऋण स्वीकृत किए गए हैं और4 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा का कर्ज दिया गया है।

लगभग तीन करोड़ लोग ऐसे हैं जिन्होंने पहली बार इस योजना का लाभ उठाया है और स्वरोजगार शुरू करने में सफल हुए हैं।

आर्थिक और सामाजिक लोकतंत्र को मज़बूत करने के सरकार के ये प्रयास हमारे राष्ट्रीय जीवन को भी नए सिरे से परिभाषित कर रहे हैं। ये कोशिशें देश में नए तरह के सामाजिक संतुलन की स्थापना कर रही हैं जिसमें हर गरीब को आगे बढ़ने के लिए समान अवसर मिल रहा है।

माननीय सदस्यगण,

किसानों की मुश्किलों का समाधान करना और उनके जीवन स्तर को ऊपर उठाना,मेरी सरकार की उच्च प्राथमिकता है। मेरी सरकार की योजनाएं न केवल किसानों की चिंता कम कर रही हैं बल्कि खेती पर होने वाले उनके खर्च को भी घटा रही हैं। सरकार की नीतियों और किसानों की कड़ी मेहनत का ही परिणाम है कि देश में275मिलियन टन से ज्यादा खाद्यान्न और लगभग300मिलियन टन फलों-सब्जियों का रिकॉर्ड उत्पादन हुआ है।

मेरी सरकार किसानों की आय को 2022 तक दोगुना करने के लिए प्रतिबद्ध है। किसानों को उनकी पैदावार की उचित कीमत मिल सके,इसके लिए देश की कृषि मंडियों को ऑनलाइन जोड़ने का कार्य जारी है, eNAMपोर्टल पर अब तक 36 हजार करोड़ रुपए से अधिक की कृषि वस्तुओं का व्यापार किया जा चुका है।

दशकों से लंबित 99 सिंचाई परियोजनाओं को पूरा करने का काम भी प्रगति पर है। दलहन और तिलहन क्षेत्र के उत्पादन बोनस के माध्यम से भी सरकार किसानों के हितों की रक्षा कर रही है। दालों के लिए बनाई गई नई नीति की वजह से पिछले वर्ष की तुलना में दाल के उत्पादन में 38प्रतिशत से अधिक की बढ़ोतरी हुई है,जो एक रिकॉर्ड है।

किसानों की उपज, बाजार तक पहुंचने से पहले क्षतिग्रस्त न हो,देश में कृषि उत्पादों की बर्बादी न हो,इस उद्देश्य से प्रधानमंत्री किसान संपदा योजनाशुरू की गई है। इसके तहत कृषि क्षेत्र में सप्लाई चेन और इंफ्रास्ट्रक्चर का आधुनिकीकरण किया जा रहा है।

किसानों की आय बढ़ाने के लिए डेयरी सेक्टर में 11हजार करोड़ रुपए कीडेयरी प्रसंस्करण और अवसंरचना विकास निधिके द्वारा एक महत्त्वाकांक्षी योजना प्रारंभ की गई है।

मेरी सरकार की नीतियों की वजह से जहां एक तरफ यूरिया का उत्पादन बढ़ा है,वहीं100 प्रतिशत नीम कोटिंग के बाद यूरिया की कालाबाजारी भी रुकी है। गोरखपुर,बरौनी,सिंदरी,तालचेर और रामागुंडम में उर्वरक कारखानों को फिर से शुरू कराने की दिशा में तेजी से काम किया जा रहा है।

माननीय सदस्यगण,

गरीबों, किसानों और वरिष्ठ नागरिकों के जीवन में आर्थिक असुरक्षा की भावना को दूर करने के लिए,मेरी सरकार संवेदनशील और सक्रिय है।

प्रधानमंत्री फसल बीमा योजनाके तहत किसानों को सस्ती और सरल बीमा सेवा उपलब्ध कराई जा रही हैं। वर्ष2017के दौरान,रबी और खरीफ की फसलों के लिए, 5करोड़71 लाख किसानों को इस योजना के तहत सुरक्षा कवच प्रदान किया गया है।

इसी तरह, मेरी सरकार ने गरीबों को एक रुपए प्रति महीना और90पैसे प्रतिदिन के प्रीमियम पर,बीमा योजनाएं सुलभ कराई हैं। अब तक18करोड़ से ज्यादा गरीब प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजनाऔरप्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजनासे जुड़ चुके हैं। इन योजनाओं के तहत गरीबों को लगभग2 हजार करोड़ रुपए की क्लेम राशि मिल चुकी है।

बुजुर्गों की सामाजिक सुरक्षा के लिए भी मेरी सरकार वचनबद्ध है। अटल पेंशन योजनाके तहत लगभग80 लाख वरिष्ठ नागरिक लाभान्वित हो रहे हैं।

माननीय सदस्यगण,

एकात्म मानववाद के प्रणेता, दीन दयाल उपाध्याय के दिखाए रास्ते पर चलते हुए,मेरी सरकार देश में ऐसी व्यवस्थाएं विकसित कर रही है जिनसे समाज की आखिरी पंक्ति में खड़े व्यक्ति को भी लाभ हो रहा है।

देशभर में लगभग 2 लाख70हजार कॉमन सर्विस सेंटर बनाए गए हैं,जो सस्ती दरों पर देश के दूर-दराज वाले इलाकों में भी विभिन्न सेवाओं की डिजिटल डिलिवरी कर रहे हैं।

भारत नेट परियोजनाके तहत,देश की ढाई लाख ग्राम पंचायतों को ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी से जोड़ने का कार्य किया जा रहा है। पहले चरण में एक लाख से अधिक पंचायतों को जोड़ा जा चुका है। यह योजनाe-health, e-education, e-governanceऔर e-commerceको देश के हर गांव तक ले जाने में अहम भूमिका निभाएगी।

गरीबों के जीवन में उजाला फैलाने और उन्हें विकास की राह पर चलने के लिए समर्थ बनाने के लिए,मेरी सरकार‘‘सौभाग्य’’योजना के तहत4 करोड़ गरीबों को बिजली कनेक्शन दे रही है।

मेरी सरकार, समाज के हर तबके तक विकास पहुंचाने की इसी सोच के साथ, ‘प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजनाका कार्य और तेजी से आगे बढ़ा रही है। 2014में केवल56 प्रतिशत गांव ही सड़क संपर्क से जुड़े थे। अब82प्रतिशत से ज्यादा गांव सड़कों से जुड़ चुके हैं जिनमें से अधिकांश दूर-दराज और दुर्गम इलाकों में हैं। हमारा लक्ष्य2019तक देश के प्रत्येक गांव को सड़क संपर्क से जोड़ देने का है।

हर गरीब को भरपेट भोजन मिले, इसके लिए कानून के उद्देश्य को प्रभावी बनाना अनिवार्य है।National Food Security Act के तहत देश के सभी राज्यों में सस्ती दरों पर खाद्यान्न देने की व्यवस्था को पारदर्शी और लीकेज प्रूफ बनाया जा रहा है।

माननीय सदस्यगण,

समाज के प्रत्येक कमजोर एवं वंचित वर्ग का उत्थान एवं सम्मान मेरी सरकार की प्राथमिकता है।

समाज के प्रत्येक वर्ग की आकांक्षाओं के प्रति संवेदनशील मेरी सरकार नेराष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोगको संवैधानिक दर्जा देने के लिए संविधान संशोधन विधेयक पेश किया है।

पिछड़े वर्ग में भी, अति पिछड़ों को उच्च शिक्षा और नियुक्तियों का लाभ सुलभ कराने के लिए पिछड़े वर्ग के उपश्रेणीकरण के अध्ययन हेतु आयोग का गठन किया गया है।

आदिवासियों द्वारा एकत्र किए जाने वाले कई वन उत्पादों के न्यूनतम समर्थन मूल्य को बढ़ा दिया गया है।

देश के विभिन्न आदिवासी क्षेत्रों, खासकर उत्तर पूर्व में लाखों लोगों का जीवन,बांस से जुड़े उद्योग पर आधारित है। पेड़ की श्रेणी में रखे जाने के कारण,बांस का जीविकोपार्जन के लिए उपयोग कर पाना मुश्किल था। इन मुश्किलों को ध्यान में रखते हुए मेरी सरकार ने बांस को पेड़ की श्रेणी से हटा दिया है। इससे,अब बांस को काटने,उसके परिवहन और उपयोग की स्वतंत्रता मिल गई है।

स्वतंत्रता संग्राम में जनजातीय समुदायों के बहुमूल्य योगदान का सम्मान करने के लिए देश में आदिवासी स्वतंत्रता संग्राम संग्रहालयों की स्थापना की जा रही है। ऐसे पहले संग्रहालय की आधारशिला हाल ही में गुजरात में नर्मदा के तट पर,सरदार सरोवर बांध के पास केवड़िया में रखी गई है। झारखंड,मध्य प्रदेश,छत्तीसगढ़,आंध्र प्रदेश,केरल और मणिपुर जैसे अन्य कई राज्यों के प्रस्ताव भी विचाराधीन हैं।

माननीय सदस्यगण,

हमारे देश में ढाई करोड़ से अधिक दिव्यांगजन हैं। मेरी सरकार पूरी संवेदनशीलता के साथ उनके सशक्तिकरण और आर्थिक समावेश के लिए निरंतर कार्यरत है। सरकार नेदिव्यांगजन अधिकार अधिनियम2016’ लागू किया है। दिव्यांगों के लिए सरकारी नौकरियों में4प्रतिशत और उच्च शिक्षा में 5 प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान किया गया है। पिछले तीन वर्षों में उन्हें6हजार से ज्यादा कैंप लगाकर, 9लाख से अधिक आवश्यक उपकरण भी प्रदान किए गए हैं।

माननीय सदस्यगण,

तुष्टीकरण नहीं सशक्तिकरणके संकल्प के साथ,मेरी सरकार अल्पसंख्यकों के आर्थिक,सामाजिक और शैक्षणिक सशक्तिकरण की दिशा में मजबूती से काम कर रही है।

सीखो और कमाओ’; ‘उस्ताद’; ‘गरीब नवाज कौशल विकास योजना’; ‘नई रोशनीआदि कार्यक्रमों के जरिए मुस्लिम,ईसाई,सिख,बौद्ध,पारसी एवं जैन समाज के युवाओं को रोजगार के अवसर प्रदान किए गए हैं।

पिछले एक साल में 45 लाख से अधिक विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति,फेलोशिप,कौशल विकास और कोचिंग स्कीमों का लाभ भी दिया गया है।

महिलाओं के सशक्तिकरण के उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए,आजादी के बाद पहली बार पुरुष रिश्तेदारों के बिना, 45साल से ज्यादा आयु की महिलाओं के हज पर जाने की पाबंदी हटा दी गई है। इस वर्ष1,300 से ज्यादा महिलायें बिना मेहरम के हज पर जा रही हैं।

माननीय सदस्यगण,

सभी के सिर पर छत हो, और उसे पानी-बिजली-शौचालय की सुविधा मिले,इस संवेदनशील सोच के साथ मेरी सरकार देश के हर आवासहीन गरीब परिवार को वर्ष2022तक घर उपलब्ध कराने के लक्ष्य पर काम कर रही है।

पिछले साढ़े तीन वर्षों में शहरी और ग्रामीण इलाकों में 93लाख से अधिक घरों का निर्माण किया गया है।प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरीके अंतर्गत गरीबों को घर बनाने के लिए ब्याज दर में6प्रतिशत की राहत दी जा रही है। पहली बार मध्यम वर्ग को ध्यान में रखते हुए दो नई योजनाएं भी शुरू की गई हैं।

माननीय सदस्यगण,

गरीब और मध्यम वर्ग की एक बड़ी चिंता बीमारियों के इलाज से जुड़ी रहती है। इलाज के खर्च का आर्थिक आघात,बीमारी के आघात को और भी अधिक कष्टकारी बना देता है।

मेरी सरकार ने गरीब और मध्यम वर्ग के लोगों को स्वास्थ्य की बेहतर और सस्ती सुविधा के लिए नईराष्ट्रीय स्वास्थ्य नीतिबनाई है। इसके साथ हीराष्ट्रीय आयुष मिशनद्वारा योग-आयुर्वेद जैसी परंपरागत चिकित्सा पद्धतियों को बढ़ावा दिया जा रहा है। मुझे आप सबके साथ यह साझा करते हुए प्रसन्नता हो रही है कि:

Ÿ प्रधानमंत्री जन औषधिकेन्द्रों के माध्यम से गरीबों को800 तरह की दवाइयां सस्ती दरों पर दी जा रही हैं। इन केन्द्रों की संख्या3 हजार के पार पहुंच चुकी है।

Ÿ दीनदयाल अमृत योजनाके तहत111 आउटलेट के माध्यम से5,200से अधिक जीवन-रक्षक ब्रांडेड दवाओं तथा सर्जिकल इम्प्लांट्स पर60प्रतिशत से 90प्रतिशत तक की रियायत दी जा रही है।

Ÿ दवाओं के साथ ही,हृदय रोगियों के लिएस्टेंट की कीमत को80 प्रतिशत तक कम किया गया है। घुटने के ऑपरेशन में लगने वाले इम्प्लांट की कीमत को भी नियंत्रित किया गया है।

Ÿ प्रधानमंत्री राष्ट्रीय डायलिसिस कार्यक्रमके माध्यम से500 से अधिक जिलों में,रियायती दरों पर सवा2 लाख मरीजों के लिए डायलिसिस के22लाख से ज्यादा सेशन किए गए हैं।

Ÿ डॉक्टरों की उपलब्धता बढ़ाने के लिएMBBS की13हजार सीटें तथा पोस्ट ग्रैजुएट की7हज़ार से अधिक सीटें मंजूर की गई हैं।

Ÿ चिकित्सा शिक्षा में गुणवत्ता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सरकार ने लोक सभा मेंराष्ट्रीय चिकित्सा आयोग विधेयकभी प्रस्तुत किया है।

Ÿ मुझे यह बताते हुए खुशी है कि देश में टीकाकरण की जो वृद्धि दर पहले सिर्फ1प्रतिशत प्रतिवर्ष हुआ करती थी,वह अब बढ़कर6.7 प्रतिशत प्रतिवर्ष पहुंच गई है। इससे,देश के दूर-दराज,विशेषकर आदिवासी इलाकों में रहने वाले बच्चों को भी बहुत लाभ मिला है। हाल ही में मेरी सरकार ने‘Intensified Mission Indradhanush’भी शुरू किया है।

माननीय सदस्यगण,

शिक्षा ही राष्ट्र के भविष्य-निर्माण का आधार है। मेरी सरकार,देश में स्कूली शिक्षा और उच्च शिक्षा व्यवस्था को मज़बूत और आधुनिक बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।

मेरी सरकार द्वारा अटल इनोवेशन मिशनके तहत2,400 से ज्यादाअटल टिन्करिन्ग लैब्सको स्वीकृति दी जा चुकी है ताकि बच्चों में छोटी उम्र से ही उद्यमिता और रचनात्मकता की नींव डाली जा सके।

मेरी सरकार ने देश में उच्च शिक्षण संस्थाओं की समस्त परीक्षाओं के आयोजन के लिए एक स्वायत्त परीक्षा संगठन, ‘नेशनल टेस्टिंग एजेंसीके गठन को मंजूरी दी है।

युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए सक्रिय मेरी सरकार देश में 20 इंस्टीट्यूट्स ऑफ एमिनेन्सबनाने पर काम कर रही है। इस मिशन के तहत चुने हुए शिक्षण संस्थानों को10हजार करोड़ रुपए की आर्थिक मदद दी जाएगी।

सभी इंडियन इंस्टीट्यूट्स ऑफ मैनेजमेंटको और बेहतर बनाने के लिए स्वायत्तता देने वाला एक कानून भी बनाया गया है।

माननीय सदस्यगण,

हमारा देश, दुनिया का सबसे युवा देश है। देश के युवा अपने सपने पूरे कर सकें,स्वरोजगार कर सकें,इसके लिए मेरी सरकार स्टार्ट अप इंडिया,स्टैंड अप इंडिया,स्किल इंडिया मिशन,मुद्रा योजना जैसे कार्यक्रम चला रही है।

युवाओं में आज की औद्योगिक आवश्यकता के अनुसार कौशल विकास करने के लिए हाल ही में मेरी सरकार नेसंकल्पऔरस्ट्राइवनाम की दो योजनाओं को स्वीकृति दी है।

जो उद्योग या कंपनियां नौकरियों के नए अवसर सृजित कर रही हैं उन्हेंप्रधानमंत्री रोजगार प्रोत्साहन योजनाके तहत आर्थिक मदद दी जा रही है।20लाख से ज्यादा लाभार्थी इस योजना से सहायता प्राप्त कर चुके हैं।

नेशनल अप्रेन्टिसशिप प्रमोशन स्कीमसे लगभग5 लाख नौजवान लाभान्वित हो चुके हैं।

हमारे श्रमिक बंधु, राष्ट्र निर्माण में केंद्रीय भूमिका निभाते हैं। मेरी सरकार द्वारा,श्रमिकों के प्रति संवेदनशीलता के साथ,श्रम कानूनों में सुधार की प्रक्रिया निरंतर जारी है।

मेरी सरकार ने श्रमिकों के न्यूनतम वेतन में 40प्रतिशत से अधिक की बढ़ोतरी की है। श्रम कानूनों के पालन के लिए रजिस्टर की संख्या56से घटाकर 5कर दी गयी है। अब श्रम सुविधा पोर्टल पर सभी रिटर्न ऑनलाइन भरे जाते हैं।

माननीय सदस्यगण,

खेल-कूद के क्षेत्र में उत्कृष्टता को पूरे विश्व में विकास के एक मापदंड के रूप में देखा जाता है। युवाओं के सर्वांगीण विकास के लिए सजग मेरी सरकार,खेल-कूद के क्षेत्र में भी देश की विश्व पटल पर प्रभावी उपस्थिति दर्ज कराने के लिए कार्य कर रही है।

देश में बीते महीनों में फीफा Under-17 World CupऔरAsian Athletic Championship जैसी अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं का सफल आयोजन हुआ।

इससे खेल के क्षेत्र में देश की प्रतिष्ठा तो बढ़ी ही है,आज देश के हर कोने में फुटबॉल जैसे खेलों के प्रति आकर्षण भी बढ़ा है।

मेरी सरकार ने 1,750 करोड़ रुपए से अधिक की राशि सेखेलो इंडिया कार्यक्रमनाम से एक महत्त्वाकांक्षी अभियान आरंभ किया है।

प्रतिभावान खिलाड़ियों के पारदर्शिता से चयन के लिए स्पोर्ट्स टैलेन्ट सर्च पोर्टलभी शुरू किया गया है।

एक हजार प्रतिभावान खिलाड़ियों को मेरी सरकार की तरफ से 6लाख रुपए प्रतिवर्ष का स्टाइपेन्ड देने की योजना प्रारंभ की गई है।

माननीय सदस्यगण,

हमारे देश की सांस्कृतिक परंपराएं, हमारी पहचान हैं और एक भारत-श्रेष्ठ भारतकी भावना को आधार देती हैं।

यह हम सभी के लिए गौरव की बात है कि हाल ही में कुंभ-मेले को यूनेस्को द्वारामानवता की अमूर्त सांस्कृतिक धरोहरकी सूची में शामिल किया गया है। पिछले वर्ष अहमदाबाद को यूनेस्को द्वारा भारत की पहलीहेरिटेज सिटीका दर्जा दिया गया है। चेन्नई ने भी संगीत की गरिमामय परंपरा के लिए यूनेस्को की क्रिएटिव सिटीज की सूची में स्थान प्राप्त किया है।

स्वदेश दर्शनऔरअमृत योजनाजैसे कार्यक्रमों के माध्यम से मेरी सरकार ऐतिहासिक विरासतों को सहेजने और उन्हें संवारने के लिए निरंतर प्रयासरत है।

माननीय सदस्यगण,

देश के विकास के लिए, किसानों,मछुआरों,विद्यार्थियों,वैज्ञानिकों तक सही समय में सही जानकारी पहुंचाने के लिए,हमारे अंतरिक्ष कार्यक्रम का बहुत बड़ा योगदान है। इस दिशा में भारत का महत्त्वाकांक्षी अंतरिक्ष कार्यक्रम,राष्ट्रीय विकास तथा क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय सहयोग की नित नई उपलब्धियां हासिल कर रहा है।

दुनिया में पहली बार इसरो ने एक बार में 104सैटेलाइटों को सफलतापूर्वक प्रक्षेपित किया। जून2017में,भारत के GSLV MK-IIIकी पहलीdevelopmental flight सफल रही जो कि देश कीlaunch capability को आगे ले जाने में महत्त्वपूर्ण कदम है।

पिछले वर्ष 5 मई को इसरो द्वारा दक्षिण एशियाई सैटेलाइट का प्रक्षेपण किया गया। इस प्रक्षेपण के साथ भारत ने पड़ोसी देशों के साथ अपनी तकनीकी क्षमताओं के लाभों को साझा करने की प्रतिबद्धता को दर्शाया है।

इस वर्ष 12 जनवरी को इसरो नेPSLV-C40 का सफल प्रक्षेपण करके देश का मान बढ़ाया है। इसी दिन इसरो ने सौवें उपग्रह का प्रक्षेपण किया।

माननीय सदस्यगण,

डिजिटल कनेक्टिविटी के आधुनिक दौर में हमारे देशवासी,हमारी भावी पीढ़ी,डिजिटल टेक्नोलॉजी की ताकत का उपयोग कर सके,इसके लिए मेरी सरकार लगातार प्रयासरत है।Digital Indiaमिशन,गरीबों एवं वंचितों को सम्मानपूर्वक उनका अधिकार दिलाने के लिए,एक मील का पत्थर साबित हो रहा है।

प्रधानमंत्री ग्रामीण डिजिटल साक्षरता अभियानके अंतर्गत मेरी सरकार विश्व का सबसे बड़ा डिजिटल साक्षरता कार्यक्रम चला रही है। इस कार्यक्रम के तहत अभी तक एक करोड़ लोगों को डिजिटल रूप में साक्षर कर दिया गया है।

डिजिटल लेन-देन को बढ़ावा देने में भीमApp’बड़ी भूमिका निभा रहा है। हाल ही में लॉन्च किए गएउमंगApp’द्वारा सौ से ज़्यादा जनसुविधाओं को मोबाइल पर उपलब्ध कराया गया है।

आधार द्वारा गरीब लाभार्थियों को, उन्हें मिलने वाली सुविधाएं, बिना बिचौलियों के,सीधे पहुंच रहीं हैं। वर्तमान सरकार की400से अधिक योजनाओं में डिजिटल भुगतान किया जा रहा है। इसकी वजह से सरकारी लाभ सही व्यक्ति को मिलना संभव हुआ है और अब तक57हजार करोड़ रुपए से ज्यादा की राशि गलत हाथों में जाने से बचाई गई है।

इलेक्ट्रॉनिक्स निर्माण क्षेत्र में सराहनीय प्रयासों के कारण अब देश में113मोबाइल कंपनियां कार्यरत हैं,जिनकी संख्या2014 में मात्र2थी। इससे देश के छोटे शहरों में भी हमारे युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिल रहे हैं।

माननीय सदस्यगण,

देश के संतुलित विकास में डिजिटल और फिजिकल कनेक्टिविटी,दोनों की ही बड़ी भूमिका है। मेरी सरकार21वीं सदी की आवश्यकता के अनुसार देश के परिवहन क्षेत्र को तैयार करने और संपर्क बढ़ाने पर कार्य कर रही है। आधुनिक परिवहन व्यवस्थाएं इस तरह विकसित की जा रही हैं कि सभी यातायात सुविधाएं एक दूसरे से जुड़ी हुई हों।

रेलवे आज भी देश में यातायात का प्रमुख साधन है और इसलिए रेलवे में क्षमता विकास और आधुनिकीकरण के लिए निवेश में निरंतर बढ़ोतरी की जा रही है। मेरी सरकार विश्वस्तरीय रेल सेवाओं के लिए वचनबद्ध है। मुंबई-अहमदाबाद हाई स्पीड बुलेट ट्रेन का कार्य भी प्रारंभ हो गया है।

मेरी सरकार ने मेट्रो परियोजनाओं के लिए भी एक नई नीति बनाई है। नई नीति मेंलास्ट माइल कनेक्टिविटीपर जोर दिया गया है। देश में,अभी 11 शहरों में मेट्रो परियोजनाओं पर काम चल रहा है।

हाल ही में मेरी सरकार ने राजमार्ग क्षेत्र के एक नए वृहद कार्यक्रमभारतमालाको स्वीकृति दी है। इसके लिए5 लाख 35हजार करोड़ रुपए की राशि का प्रावधान किया गया है। इस परियोजना के अंतर्गत,National Corridor Efficiencyमें वृद्धि करने के लिए लगभग53 हजार किलोमीटर लंबाई के राष्ट्रीय राजमार्ग चिन्हित किए गए हैं।

जलमार्ग विकास परियोजनाके अंतर्गत गंगा नदी पर वाराणसी,साहिबगंज, फरक्का और हल्दिया में प्रमुख परियोजनाओं का निर्माण कार्य प्रारंभ हो गया है।

सागरमाला कार्यक्रमके अंतर्गत,जवाहरलाल नेहरू पोर्ट ट्रस्ट में विशेष आर्थिक ज़ोन और पारादीप एवं दीनदयाल पोर्ट ट्रस्ट पर‘Smart Port Industrial Cities’का कार्य आरंभ हो गया है।

देश के छोटे शहर हवाई मार्ग से जुड़ सकें और निम्न मध्यम वर्ग,मध्यम वर्ग और युवा कम खर्च पर,आसानी से हवाई यात्रा का लाभ उठा सकें,इसके लिए उड़े देश का आम नागरिकयानी, ‘उड़ानयोजना शुरू की गई है। स्वतन्त्रता के बाद देश में जहां केवल76हवाई अड्डे ही वाणिज्यिक उड़ानों से जुड़े थे वहींउड़ानयोजना के मात्र15 महीनों में56हवाई अड्डों और 31हेलीपैडों को जोड़ने के लिए कार्य शुरू किया गया है। अब तक16 ऐसे हवाई अड्डों से उड़ानें शुरू भी हो चुकी हैं।

इन योजनाओं से कनेक्टिविटी बढ़ने के साथ-साथ देश में रोजगार के नए अवसर भी पैदा हो रहे हैं।

माननीय सदस्यगण,

पहली बार ऐसा अवसर आया है जब देश में बिजली क्षमता के विस्तार में लक्ष्य से अधिक बढ़ोतरी हुई है। अब भारत बिजली काnet exporterबन गया है।

मेरी सरकार ने ‘One Nation, One Grid’का कार्य पूरा करके राज्यों को सस्ती दरों पर बिजली की उपलब्धता सुनिश्चित की है। देश के प्रत्येक गांव तथा कस्बे में विद्युत वितरण व्यवस्था मज़बूत करने के लिए लगभग डेढ़ लाख करोड़ रुपए की योजनाएं लागू की गई हैं।18 हजार गांवों तक बिजली पहुंचाने का कार्य भी पूर्णता की तरफ बढ़ रहा है।

उजाला योजनाके अंतर्गत अब तक देश मे28 करोड़ से ज्यादा LEDबल्ब वितरित किए जा चुके हैं। इसके अतिरिक्त निजी क्षेत्र द्वारा भी50करोड़ से ज्यादा LEDबल्ब की बिक्री की गई है। इससे गरीब और मध्यम वर्ग के बिजली बिल में सालाना40हजार करोड़ रुपए से ज्यादा की बचत हो रही है। इतना ही नहीं,पर्यावरण की रक्षा के साथ ही देश में प्रतिवर्ष10हजार करोड़ यूनिट बिजली की बचत भी हो रही है।

बिजली बचाने के अभियान के साथ ही, देश में बिजली उत्पादन बढ़ाने का कार्य भी जारी है। पिछले तीन वर्षों में सौर ऊर्जा के उत्पादन में7गुना वृद्धि हुई है।

भारत के प्रयास से International Solar Allianceएक विधायी निकाय बन चुका है। इसका मुख्यालय भारत में ही स्थापित किया गया है।

माननीय सदस्यगण,

देश के प्रत्येक क्षेत्र तक विकास का लाभ पहुंचाने की दृष्टि के साथ,मेरी सरकार उत्तर-पूर्व के लोगों की आशाओं और आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए संवेदनशीलता के साथ कार्य कर रही है।

इस क्षेत्र के विकास को और गति देने के लिए हाल ही में 100प्रतिशत केंद्रीय सहायता वालीNorth East Special Infrastructure Development Schemeको मंजूरी दी गई है। इस स्कीम के तहत पेयजल,ऊर्जा,शिक्षा और स्वास्थ्य से जुड़ी परियोजनाओं को पूरा किया जाएगा।

पिछले तीन वर्षों में, पूर्वोत्तर राज्यों में विद्युत प्रसारण एवं वितरण नेटवर्क सुदृढ़ करने के लिए सरकार ने10हजार करोड़ रुपए की योजना स्वीकृत की है।

हाल ही में, मिजोरम में913करोड़ रुपए की लागत से बना हाइड्रो इलेक्ट्रिक पावर प्रोजेक्ट देश को समर्पित किया गया है।

मेरी सरकार द्वारा उत्तर-पूर्व में संपर्क मार्ग बढ़ाने पर भी पूरा जोर दिया जा रहा है।

अगरतला-आखुरा रेल-लिंक पर तेजी से कार्य चल रहा है। यह रेल लिंक भारत को बांग्लादेश से जोड़ेगा।

शिलॉन्ग-तुरा रोड प्रोजेक्ट का पिछले वर्ष दिसंबर में लोकार्पण किया गया है। इस सड़क से पूरेउत्तर-पूर्वक्षेत्र में सड़क संपर्क सुधारने में मदद मिलेगी।

पिछले वर्ष देश के सबसे लंबे नदी पुल ढोला-सादिया को भी राष्ट्र को समर्पित किया गया है। इस पुल ने असम और अरुणाचल प्रदेश के बीच की दूरी165किलोमीटर कम कर दी है।

मेरी सरकार द्वारा बराक नदी को राष्ट्रीय जलमार्ग-16के तौर पर विकसित करने का फैसला भी लिया गया है।

माननीय सदस्यगण,

केन्द्र सरकार और राज्य सरकारों के नियमित प्रयासों के कारण,देश की आंतरिक सुरक्षा में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। पूर्वोत्तर में,सुरक्षा स्थिति में भी बदलाव आया है। नक्सली-माओवादी हिंसा की घटनाओं में भी कमी आई है। इसके लिए इन क्षेत्रों के जागरूक निवासी और हमारे सैन्य,अर्ध सैन्यबल और हमारे पुलिस बल बधाई के पात्र हैं। हम अपने उन सभी प्रहरियों की सराहना करते हैं और जो शहीद हुए हैं उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं।

जम्मू और कश्मीर के अंदरूनी इलाकों में आतंकवादी हिंसा,सीमा पार से होने वाली घुसपैठ से सीधे-सीधे जुड़ी है। हमारे सैन्य और अर्ध सैन्य बल तथा जम्मू-कश्मीर पुलिस आपस में बेहतर तालमेल के साथ इस हिंसा का उपयुक्त जवाब दे रहे हैं।

मेरी सरकार ने उन लोगों के साथ बातचीत का रास्ता खुला रखा है जो हिंसा छोड़ना चाहते हैं और भारतीय संविधान में आस्था रखते हुए मुख्यधारा से जुड़ना चाहते हैं। नक्सली-माओवादी विचारधारा से प्रभावित युवा,पिछले तीन वर्षों के दौरान सर्वाधिक संख्या में समर्पण करके मुख्यधारा में आए हैं।

हाल ही में मेरी सरकार ने पुलिस बलों के आधुनिकीकरण के लिए 18 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा की योजना को मंजूरी दी है।

डिफेन्स मैन्यूफैक्चरिंग सेक्टर में Strategic Partnership से संबंधित नीति को भी अंतिम रूप दे दिया गया है। इससे प्रमुखDefence Platformsऔर Equipmentsके निर्माण में निजी क्षेत्र की अधिक से अधिक भागीदारी और रोजगार सृजन को बढ़ावा मिलेगा।

मेरी सरकार ने ’One Rank One Pension’के अपने वचन को पूरा करते हुए20 लाख से ज्यादा सेवानिवृत्त सैनिकों को10हजार करोड़ रुपए से अधिक की बकाया राशि का भुगतान किया है।

माननीय सदस्यगण,

मानवता की सेवा, भारत की सांस्कृतिक विरासत का अभिन्न अंग रहा है। चाहे नेपाल में भूकंप हो या श्रीलंका में बाढ़ की आपदा,या मालद्वीप में पेयजल का संकट, इन्हीं मूल्यों के कारण भारत हमेशाFirst Responderके रूप में उपस्थित रहा है।

आज विश्व के किसी भी कोने में बसे सभी भारतीयों को यह भरोसा है कि वे कहीं भी संकट में पड़ेंगे तो उनकी सरकार उन्हें सुरक्षित निकालकर स्वदेश वापस ले आएगी। वर्ष2014के बाद से विदेश में संकट में फंसे90हजार से अधिक भारतीयों को वापस लाया गया है।

मेरी सरकार के सफल राजनयिक प्रयासों के कारण,विश्व में भारत को एक नया सम्मान प्राप्त हुआ है। इसके फलस्वरूपInternational Tribunal for the Law of the Sea, International Maritime Organisationऔर Economic and Social Councilमें भारत को प्रतिनिधित्व प्राप्त हुआ है। International Court of Justiceका चुनाव तो काफी रोचक रहा जिसमें अंततोगत्वा भारत ने सफलता पाई।

पिछले वर्ष Missile Technology Control Regimeमें शामिल होने के पश्चात् भारत को इस वर्षWassenar Arrangementऔर Australia Groupमें भी सदस्य के रूप मे शामिल किया गया है। यह सफलता लंबी जद्दोजहद और लंबे इंतजार के बाद मिली है और मेरी सरकार की एक महत्त्वपूर्ण उपलब्धि है।

चाबहार पोर्ट का प्रारम्भ होना एक ऐतिहासिक घटना है। इस पोर्ट के माध्यम से अफगानिस्तान को गेहूं की पहली खेप भेजी गयी है। इस वर्ष भारत-अफगानिस्तान के बीच हवाई-गलियारे की शुरुआत भी हुई है,जिसमें माल-ढुलाई का कार्य आरम्भ हो गया है।

विदेशों में बसे प्रवासी भारतीयों के साथ देश का जुड़ाव लगातार मजबूत हो रहा है। इस वर्ष9जनवरी को प्रवासी भारतीय दिवसके अवसर पर पहली बार प्रवासी भारतीय सांसदों का सम्मेलन आयोजित किया गया जिसमें24देशों के जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया।

विदेश मंत्रालय ने डाक विभाग मंत्रालय के साथ मिलकर देश में पासपोर्ट सेवाओं का विस्तार करने का एक वृहद कार्यक्रम आरम्भ किया है। इस कार्यक्रम के अंतर्गत अब तक251पासपोर्ट सेवा केन्द्रों को मंजूरी दी जा चुकी है और इनमें से60केन्द्र काम करना शुरू कर चुके हैं।

माननीय सदस्यगण,

देश के विकास को और अधिक ठोस आधार देने के लिए मेरी सरकार ने आर्थिक संस्थाओं को मजबूत करने का काम प्राथमिकता के तौर पर किया है।

इसी का परिणाम है कि धीमी वैश्विक आर्थिक विकास दर के बावजूद,भारत की विकास दर प्रभावशाली रही है। अर्थव्यवस्था में, 2016-17की पहली तिमाही से,जीडीपी विकास में अस्थायी मंदी रही। वर्ष2017-18की दूसरी तिमाही में इस गिरावट में बदलाव आया। पिछले साढ़े तीन वर्षों में मुद्रास्फीति की दर,करंट अकाउंट डेफिसिट और फिस्कल डेफिसिट औसतन कम हुए हैं।

वर्ष 2017 में विदेशी मुद्रा भंडार410बिलियन अमेरिकी डॉलर के स्तर से ऊपर चला गया। मेरी सरकार की प्रभावी नीतियों के कारण,प्रत्यक्ष विदेशी निवेश भी पिछले तीन वर्षों के दौरान36 बिलियन अमेरिकी डॉलर से बढ़कर 60 बिलियन अमेरिकी डालर तक पहुंच गया है।

माननीय सदस्यगण,

नागरिकों की समस्याओं का समाधान करने के लिए प्रक्रियाओं का सरलीकरण मेरी सरकार की प्राथमिकता है। पिछले तीन वर्षों में1,428अनावश्यक कानून समाप्त किए जा चुके हैं और यह प्रक्रिया निरंतर जारी है।

ठोस और समावेशी विकास की दिशा में, मेरी सरकार ने देश में ईमानदारी को संस्थागत करने का महत्त्वपूर्ण काम किया है और पारदर्शी व्यवस्थाओं की स्थापना कर रही है।

देश के आर्थिक एकीकरण के लिए, मेरी सरकार ने स्वतंत्रता के बाद का सबसे बड़ा टैक्स-सुधार,Goods and Services Tax के रूप में किया है। कीमतों के कम होने का लाभ उपभोक्ताओं तक पहुंच सके,इसके लिए मेरी सरकार द्वारा National Anti-Profiteering Authorityका गठन भी किया गया है।

मेरी सरकार बैंकिंग व्यवस्था को मजबूत करने और उसमें पारदर्शिता लाने के लिए भी प्रतिबद्ध है। इसके लिए2लाख करोड़ रुपए से अधिक के पूंजी निवेश के साथ सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों का री-कैपिटलाइजेशन करने का निर्णय भी किया गया है।

भ्रष्टाचार के खिलाफ हमारी लड़ाई जारी है। इसी कड़ी में पिछले एक वर्ष में लगभग साढ़े3लाख संदिग्ध कंपनियों का रजिस्ट्रेशन रद्द किया जा चुका है।

सरकारी खरीद की प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने और अधिकतम उद्यमियों को अवसर देने के लिए मेरी सरकार ने,गवर्नमेंट ई-मार्केट प्लेस यानिGem नाम की एक नई व्यवस्था स्थापित की है।Gemपोर्टल की मदद से देश का छोटे से छोटा उद्यमी भी सरकार को अपना उत्पाद बेचने में सक्षम हुआ है।

सरकारी खरीद में Make In India को प्राथमिकता देने के लिए नई नीति बनाई गई है। इस नीति से घरेलू उत्पादों के निर्माण और सेवाओं में वृद्धि होगी,जिससे रोजगार के नए अवसर भी बनेंगे।

केन्द्र सरकार, व्यापार के लिए सुविधाजनक वातावरण तैयार करने के लिए राज्यों के साथ मिलकर काम कर रही है।

मेरी सरकार की इन कोशिशों के कारण ही तीन वर्षों में भारत,वर्ल्ड बैंक कीEase of Doing Businessकी रैंकिंग में142 से100वीं रैंक पर पहुंच गया है। इससे विश्व बाजार में देश की साख और बढ़ी है।

माननीय सदस्यगण,

मेरी सरकार का प्रयास जनभागीदारी द्वारा जनकल्याण करने का है। मेरी सरकार युवाओं,महिलाओं,किसानों,उद्यमियों विद्यार्थियों,श्रमिकों के साथ बातचीत करके तथा सिविल सोसायटी के लोगों के साथ भी चर्चा करके उनके सुझावों को नीतियों-निर्णयों में शामिल कर रही है।

माननीय सदस्यगण,

देश में गवर्नेंस के प्रति सजग लोगों में,देश के किसी न किसी हिस्से में लगातार हो रहे चुनाव से,अर्थव्यवस्था और विकास पर पड़ने वाले विपरीत प्रभाव को लेकर चिंता है। बार-बार चुनाव होने से मानव संसाधन पर बोझ तो बढ़ता ही है,आचार संहिता लागू होने से देश की विकास प्रक्रिया भी बाधित होती है। इसलिए एक साथ चुनाव कराने के विषय पर चर्चा और संवाद बढ़ना चाहिए तथा सभी राजनीतिक दलों के बीच सहमति बनाई जानी चाहिए।

माननीय सदस्यगण,

राष्ट्र निर्माण एक अनवरत प्रक्रिया है,जिसमें देश के हर व्यक्ति की अपनी-अपनी भूमिका है। हम सभी का कर्त्तव्य है कि देश के सम्मुख अनुकरणीय आचरण प्रस्तुत करें। राष्ट्र निर्माण से जुड़े लक्ष्य समय पर पूरे हों,यह दायित्व हम सभी का है।

2022में, जब हमारा देश स्वतंत्रता के 75 वर्ष का पर्व मनाएगा तब तक इन लक्ष्यों की प्राप्ति न सिर्फ स्वतंत्रता सेनानियों और राष्ट्र निर्माताओं के सपने पूरा करेगी बल्कि नए भारत का आधार भी मजबूत करेगी।

नए भारत का सपना किसी एक राजनीतिक दल या संगठन का नहीं है। यह देश के130करोड़ लोगों की आशाओं-आकांक्षाओं को परिलक्षित करता है। इस सपने को पूरा करने के लिए,हम सभी को मिलकर पूरे समर्पण के साथ काम करना होगा।

आइए, हम सब मिलकर अपने संविधान के समता और बंधुता के आदर्शों को प्राप्त करने के लिए एक साथ चलें,एक दिशा में चलें,एक निष्ठा से चलें,और भव्य भारत के निर्माण के लिए पूरी ऊर्जा के साथ आगे बढ़ें।

जय हिन्द !

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